शनिवार, 14 जनवरी 2012

कम पानी है बीमारी की जड़

ट्विनसिटी में बढ़ रही है कम पानी पीने वाले मरीजों की संख्या
गर्मी में लोग पानी खूब पीते हैं, लेकिन जैसे ही ठंड आती है लोग पानी कम पीना शुरू कर देते हैं, जिससे शरीर में पानी की मात्रा कम हो जाती है और यही कारण उनकी बीमारी का सबब बन जाता है। ट्विनसिटी में भी ऐसे लोगों की संख्या बढ़ रही है जो कम पानी पीने की वजह से बीमार पड़ रहे हैं।
शेखर झा
ठंड में ज्यादा पानी पीना फायदेमंद है, लेकिन ठंड की वजह से लोग ज्यादा पानी नहीं पी पाते हैं। चिकित्सक बताते हैं कि कम पानी पीने वालों में कामकाजी व यंगस्टर्स की संख्या ज्यादा है। क्योंकि सुबह से शाम तक ऑफिस और स्कूल-कॉलेज के चलते वे कम पानी पीते हैं, जिससे शरीर में पानी की कमी हो जाती है और इससे पेट में दर्द, जलन, किडनी में तकलीफ व अन्य तरह की दिक्कतें होनी शुरू हो जाती हैं। इन दिक्कतों से खुद को दूर रखने के लिए लोगों को शरीर के अनुसार पर्याप्त पानी पीना चाहिए। डॉक्टर्स का मानना है कि ज्यादातर शहरवासी शरीर के लिए आवश्यक मात्रा से कम पानी पी रहे हैं, जिससे उनके शरीर में एसिडिटी, चमड़ी में सूखापन, बालों में डेंड्रफ सहित किडनी की समस्या बढ़ रही है। एक्सपर्ट की मानें तो सर्दी हो या बारिश रोज दो लीटर और गर्मी में पांच लीटर पानी पीना ही चाहिए।
रोज आते हैं पांच मरीज
ठंड का सीजन जैसे ही आता है, वैसे ही हॉस्पिटल में पानी कम पीने से होने वाली बीमारियों से ग्रसित मरीजों की संख्या बढऩे लगती है। शासकीय अस्पताल में प्रत्येक दिन एसिडिटी, पेट में दर्द और जलन, उल्टी-दस्त बीमरियों से ग्रसित औसतन ५ मरीज आ ही जाते हैं।
हो सकता है स्टोन
सुपेला स्थित शासकीय हॉस्पिटल के प्रभारी गोपीनाथ ने बताया कि अगर शरीर को पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं मिला, तो पथरी होने डर रहता है। उन्होंने कहा कि ठंड में कम से कम लोगों को दो लीटर पानी पीना चाहिए। जिससे पथरी होने का डर नहीं रहता है। शरीर को पर्याप्त मात्रा में पानी मिलेगा, तो किसी भी तरह की बीमारी नहीं होगी। साथ ही उन्होंने लोगों को ठंड में गुनगुना पानी पीने की सलाह दी।
जानें कितना जरूरी पानी
डॉक्टर्स का मानना है कि अगर आप शरीर में पानी की पर्याप्ता मात्रा को जानना चाहते हैं, तो सबसे पहले अपना वजन तौल लें। उसके बाद अपने वजन को तीस से विभाजित कर दें। यदि वजन ६० किलोग्राम है तो इसे तीस से भाग देने पर २ आएगा। यदि आपका वजन ७५ किलोग्राम है तो उत्तर २.५ आएगा। इस तरह आप अपने वजन को ३० से भाग दें और जो भी उत्तर आए उतना ही पानी पिएं।
होता है नियंत्रण
० खाना खाने से आधा घंटा पूर्व और एक घंटा बाद तक पानी नहीं पीना चाहिए।
० दिनभर में अधिक से अधिक पानी पिएं।
० पानी पीने से वजन पर भी नियंत्रण में रहता है।
० पानी को फिल्टर करके या उबाल कर ही पिएं, क्योंकि दूषित पानी से लीवर और गुर्दों के रोग हो जाते हैं।
० पानी पीने में यदि परेशानी होती है, तो पानी का संतुलन शरीर में बनाए रखने के लिए अच्छी मात्रा में फल खाएं।

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